उत्तरकाशी में सड़क पर अचानक हुए भूस्खलन की वजह से 100 मीटर गहरी खाई में गिरा टैंपो, 13 की मौत

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गंगोत्री हाईवे पर भटवाड़ी से करीब सात किमी गंगोत्री की ओर सोमवार को एक टैंपो ट्रैवलर वाहन के दुर्घटनाग्रस्त होने से 13 लोगों की मौत हो गई और दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए. दुर्घटनास्थल पर पहाड़ी की खड़ी ढाल और नीचे गंगा भागीरथी के उफान के चलते शवों को निकालने में खासी मशक्कत करनी पड़ी. दुर्घटनाग्रस्त वाहन में असी गंगा घाटी के भंकोली गांव के ग्रामीण सवार थे, जो गांव के आराध्य देवता के साथ गंगोत्री धाम से गंगा स्नान कर लौट रहे थे.

हादसे की प्रत्यक्षदर्शी भंकोली गांव निवासी ममता रावत ने बताया कि रविवार को गांव के आराध्य नाग देवता के साथ करीब दो सौ ग्रामीण गंगोत्री धाम की यात्रा पर गए थे. इस धार्मिक यात्रा के जत्थे में एक टैंपो ट्रैवलर समेत 16 टैक्सी वाहन शामिल थे.

सोमवार को गंगोत्री से लौटते समय दोपहर करीब सवा दो बजे संगलाई और भुक्की के बीच पहाड़ी से अचानक भारी भूस्खलन हुआ. इससे पहले कुछ गाड़ियां आगे निकल गईं, लेकिन पीछे से आ रहा टैंपो ट्रैवलर भूस्खलन की चपेट में आकर करीब पचास मीटर गहरी खाई में जा गिरा. हादसा इतना भीषण था कि वाहन के परखच्चे उड़ गए. इस वाहन में चालक समेत 15 लोग सवार थे.

हादसे में 13 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई जबकि मीनाक्षी पुत्री रामवीर रावत एवं राधा पुत्री रणवीर रावत सड़क से नीचे ही छिटक कर गंभीर रूप से घायल हो गईं. दोनों बालिकाओं को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है. दुर्घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस एवं एसडीआरएफ की टीम रेस्क्यू अभियान में जुट गई.

शवों को खाई से निकालकर सड़क तक पहुंचाने में इस टीम को खासी मशक्कत करनी पड़ी. डीएम डा.आशीष चौहान, एसडीएम देवेंद्र नेगी, आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल एवं पुलिस के तमाम अधिकारी मौके पर मौजूद रहकर रेस्क्यू अभियान पर नजर रखे हुए हैं.



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