ब्रिटेन: पिज्जा को लेकर सख्त हुई सरकार, टॉपिंग से कैलोरी कम करने के दिए आदेश

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ब्रिटेन सरकार ने मोटापे की समस्या को खत्म करने के लिए पिज्जा का साइज कम करने की योजना बनाई है. एक मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि पिज्जा में कैलोरी घटाने के लिए उस पर टॉपिंग (चीज, कॉर्न, वेजिटेबल) कम करनी होंगी. लोगों के अच्छे स्वास्थ्य के लिए जरूरी है कि पिज्जा में 928 कैलोरी से ज्यादा न हो.

ड्राफ्ट प्रपोजल के हवाले से द टेलीग्राफ ने बताया- मशहूर रेस्तराओं से उनके फूड आइटम्स की कैलोरी में कटौती करने की अपील की गई है. कहा गया है कि अब बाजारों को ही लोगों के बढ़ते मोटापे को काबू करने का ध्यान रखना होगा. सरकार के ड्राफ्ट में कहा गया है कि सेवरी पाई (फास्ट फूड में इस्तेमाल होने वाली एक क्रीम) में 695 कैलोरी से ज्यादा नहीं होना चाहिए. सैंडविच, पैक्ड फूड के लिए सरकार ने कैलोरी तय कर दी है.

पब्लिक हेल्थ ब्रिटेन (पीएचई) ने कहा है कि देश को मोटापे की समस्या से निजात पाने के लिए ठोस कदम उठाने होंगे. बच्चों में मोटापे की समस्या बढ़ी है. बीते 10 सालों में एक तिहाई बच्चे मोटापे का शिकार हुए हैं. रिपोर्ट के मुताबिक प्राइमरी स्कूल छोड़ने के बाद पांच में से एक बच्चा मोटापे का शिकार पाया गया. ब्रिटेन के करीब 24 हजार बच्चे भयंकर मोटापे से पीड़ित बताए गए हैं.

पीएचई की प्रमुख पोषाहार विशेषज्ञ एलीसन टेडस्टोन कहती हैं- पिज्जा में न केवल मीट और चीज कम होना चाहिए बल्कि उसका आकार भी छोटा होना चाहिए. लोग भी चाहते हैं कि भले ही उनके फूड की मात्रा कम हो लेकिन वह स्वास्थ्यवर्धक हो.

एलीसन के मुताबिक- मेन्यू में हेल्दी फूड रखने भर से देश को इनकी आदत नहीं हो जाएगी. लोगों को खुद कम कैलोरी लेने के बारे में सोचना होगा. हाल ही में अफसरों ने रेस्तराओं में जाकर खाने में कैलोरी कम करने को लेकर बात की है.

सरकार का मकसद रोज के खाने में 20% तक कैलोरी की कमी करना है. साथ ही बच्चों में बढ़ रहे मोटापे की दर को 2030 तक कम करना है. पब्लिक हेल्थ मिनिस्टर स्टीव ब्राइन का कहना है कि सरकार किसी भी कीमत पर देश के बच्चों को स्वस्थ रखना चाहती है.



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