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शोपियां फायरिंग: SC पहुंचे मेजर आदित्य के पिता, FIR रद्द करने की मांग

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कश्मीर के शोपियां फायरिंग मामले में आरोपी बनाए गए आर्मी मेजर के पिता ले. कर्नल करमवीर सिंह ने सुप्रीम कोर्ट से एफआईआर रद्द करने की मांग की है। इसके लिए मेजर आदित्य के पिता ने गुरुवार को कोर्ट में पिटीशन दायर की। उन्होंने कहा, ''बेटे ने सिर्फ साथियों को बचाने के लिए फायर किए। इससे पहले वॉर्निंग दी गई, ताकि उग्र भीड़ रास्ता छोड़ दे और जवानों को बचाया जा सके। मौजूदा वक्त में कश्मीर में ड्यूटी आसान नहीं है, इसलिए केस वापस लेने का ऑर्डर दिया जाए।'' बता दें कि 27 जनवरी को पत्थरबाजों के साथ झड़प में दो प्रदर्शन कर रहे दो लोगों की जान चली गई थी।

लेफ्टिनेंट कर्नल करमवीर सिंह ने कहा, 10 गढ़वाल राइफल्स के मेजर आदित्य का नाम एफआईआर में बदले की भावना से जोड़ा गया। आर्मी का एक काफिला शोपियां में अपनी ड्यूटी के लिए निकला था। जो बाद में पत्थरबाजों की उग्र भीड़ के बीच घिर गया, पथराव में आर्मी के व्हीकल को भी नुकसान पहुंचा। मेजर आदित्य के पिता की ओर से सुप्रीम कोर्ट में दायर पिटीशन में कहा गया है कि बेटा आर्मी के अपने साथियों को तनाव वाले इलाके से निकालने के लिए गया था। इस दौरान सिर्फ आर्मी जवानों को रास्ता दिलाने के लिए फायर किए गए। पत्थरबाजों से कई बार आर्मी को नुकसान नहीं पहुंचाने की गुजारिश की, लेकिन वो नहीं माने। इसके बाद वहीं से हटने और रास्ते देने के लिए वॉर्निंग दी गई।

पिटीशन के मुताबिक, गैर-कानूनी तौर पर जमा हुई भीड़ काफी उग्र हो गई। उन्होंने एक जेसीओ को पीट-पीटकर मारने की कोशिश की, तब भीड़ को चेतावनी देकर तितर-बितर करने के लिए फायर किए थे। इसके साथ ही कोर्ट को बताया है कि पिछले साल भीड़ ने राज्य पुलिस के डीएसपी मोहम्मद अयूब पंडित को पीट-पीटकर मार दिया था। ऐसे हालात में आर्मी के जवान पत्थरबाजों को कंट्रोल करते हैं। कश्मीर में मौजूदा हालात ड्यूटी के हिसाब से काफी कठिन हैं। इसीलिए कोर्ट से गुजारिश है कि जम्मू-कश्मीर पुलिस के द्वारा दर्ज की गई एफआईआर को रद्द करने का आदेश दिया जाए।

ले. कर्नल करमवीर ने कहा है कि कोर्ट सैनिकों के अधिकारों की रक्षा और मुआवजे के लिए गाइडलाइन्स जारी करे। ताकि आगे आर्मी के किसी सैनिक के ड्यूटी के दौरान लिए एक्शन को आधार बनाकर आपराधिक कार्रवाई न की जा सके।

अफसरों के मुताबिक, 27 जनवरी को आर्मी का एक काफिला शोपियां के गनोवपोरा गांव से गुजर रहा था। इसी दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों ने काफिले पर पत्थर फेंकने शुरू कर दिए। जवाब में सिक्युरिटी फोर्सेज ने उन्हें भगाने के लिए कुछ राउंड फायरिंग की, जिसमें दो लोगों की मौत हो गई।

शोपियां में फायरिंग की घटना को लेकर महबूबा सरकार के ऑर्डर पर जम्मू-कश्मीर पुलिस ने आर्मी पर्सनेल्स के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। हालांकि सेना के सूत्रों का कहना है कि इस मामले में केस चलाने के लिए पुलिस को केन्द्र से मंजूरी लेनी होगी।



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