पश्चिम बंगाल में 'खूनी' पंचायत चुनाव, हिंसक झड़पों में 10 की मौत, केंद्र ने ममता से मांगी रिपोर्ट

2018-05-14_Panchayat-polls.jpeg

पश्चिम बंगाल में सोमवार को पंचायत चुनावों के लिए हुए मतदान के दौरान बड़े पैमाने पर हिंसा हुई जिसमें कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई जबकि 43 अन्य घायल हो गए। दोपहर 3 बजे तक 56 फीसदी मतदान दर्ज किया गया है। राज्य के विभिन्न हिस्सों में तृणमूल कांग्रेस, भाजपा एवं माकपा के बीच हिंसक झड़पें, बूथ लूटने और सरकारी बसों में तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं। हिंसा में पांच पत्रकार भी घायल हुए हैं। राजनीतिक पर्यवेक्षकों का दावा है कि हाल के वर्षों का यह सबसे हिंसक चुनाव है।

मृतकों में मुर्शिदाबाद जिले का एक निर्दलीय उम्मीदवार और दक्षिण 24-परगना जिले का एक माकपा नेता और उसकी पत्नी शामिल हैं। इस दंपत्ति के परिजनों और माकपा के जिला सचिव शमिक लाहिड़ी ने दावा किया कि तृणमूल कांग्रेस के गुंडों ने रविवार की रात देव प्रसाद दास और उनकी पत्नी उषा के साथ मारपीट करने के बाद उन्हें घर में बंद कर आग लगा दी। समाचार एजेंसी एएऩआई के मुताबिक, गृह मंत्रालय ने राज्य में पंचायत चुनाव के दौरान हुई हिंसा की घटनाओं के बारे में पश्चिम बंगाल सरकार से रिपोर्ट मांगी है।

नदिया जिले के शांतिपुर में बूथ कैप्चर करने का प्रयास कर रहे एक कथित तृणमूल कांग्रेस समर्थक की नाराज भीड़ द्वारा की गई पिटाई से मौत हो गई। नदिया के ही नक्काशीपाड़ा में एक तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ता की गोली लगने से मौत हो गई। दक्षिण 24-परगना जिले के कुलतली में कथित एसयूसीआई कार्यकर्ताओं की फायरिंग में आरिफ अली गाजी नामक एक तृणमूल कार्यकर्ता की मौत हो गई।

इसी जिले के आमडांगा में बम धमाके में एक माकपा कार्यकर्ता तैमूर गाएन की भी मौत हुई जबकि दो अन्य घायल हो गए। मुर्शिदाबाद जिले के बेलडांगा इलाके में कथित तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं के हमले में तपन मंडल नाम के भाजपा कार्यकर्ता की मौत हो गई। 

बर्दवान में शरारती तत्वों ने एक बस में तोड़-फोड़ की और चुनावी ड्यूटी पर जा रहे कर्मचारियों पर हमला किया। दक्षिण 24-परगना जिले के भांगड़ इलाके में तृणमूल कांग्रेस के पूर्व विधायक अराबुल इस्लाम के समर्थकों ने एक मतदान केंद्र में तोड़फोड़ की जिसमें कुछ पत्रकार भी घायल हो गए। अभी दो दिन पहले ही इलाके में हुई एक हत्या के मामले में अराबुल को गिरफ्तार किया गया था। कूचबिहार में उत्तर बंगाल विकास मंत्री रबींद्रनाथ घोष ने मतदान केंद्र के बाहर एक व्यक्ति को थप्पड़ मार दिया।

राज्य निर्वाचन आयोग ने जिला प्रशासन से इस मामले में रिपोर्ट मांगी है। बांकुड़ा जिले के आदिवासी इलाके में एक तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ता तीरों से हुए हमले में घायल हो गया। उसकी हालत नाजुक है। उल्लेखनीय है कि अगले साल होने आम चुनावों से पहले के प्रमुख चुनाव होने के कारण इस चुनाव की अहमियत काफी बढ़ गई है। राजनीतिक दल इसे लोकसभा चुनावों से पहले अपनी ताकत के परीक्षण के तौर पर ले रहे हैं। 



loading...