कर्नाटक-गोवा संकट के बीच मध्यप्रदेश में अलर्ट हुई कांग्रेस, बंद कमरे में सीएम-डिप्टी सीएम ने की मुलाकात

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मध्यप्रदेश: लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की हार के बाद इस्तीफा देना चाहते थे सीएम कमलनाथ

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कर्नाटक और गोवा में चल रही राजनैतिक उठापठक के बीच मध्यप्रदेश में भी सियासत गरम हो गई है. कमलनाथ खेमा और सिंधिया खेमे की बीच चल रही रस्साकस्सी को कम करने के लिए दोनों नेताओं ने बंद कमरे में लगभग 25 मिनट तक बातचीत की. 

माना जा रहा है कि इस मुलाकात में नए कांग्रेस अध्यक्ष के चुनाव को लेकर भी चर्चा हुई. इसके अलावा कुछ दिन पहले कैबिनेट मीटिंग के दौरान सिंधिया खेमे और कमलनाथ खेमे के मंत्रियों के बीच हुई तकरार पर भी बात हुई. कहा यह भी जा रहा है कि सिंधिया खेमे के मंत्रियों की ब्यूरोकेसी से अच्छे संबंध नही हैं.

सीएम कमलनाथ सिंधिया खेमे के स्वास्थ्य मंत्री तुलसी सिलावट के यहां गुरुवार को डिनर पर पहुंचे थे जहां इन दोनों नेताओं ने बैठक की. इस डिनर पॉलिटिक्स में मध्यप्रदेश कैबिनेट के 27 मंत्री और 90 विधायक शामिल हुए. स्वास्थ्य मंत्री तुलसी सिलावट के यहां गुरुवार को डिनर पर सीएम कमलनाथ और सिंधिया के अलावा कांग्रेस के 90 विधायक और 27 मंत्री मौजूद थे लेकिन इसमें दिग्विजय सिंह, अजय सिंह और पीसी शर्मा नजर नहीं आए. रात को लगभग 08.30 बजे सिंधिया जबकि 09.00 बजे सीएम कमलनाथ पहुंचे.

सिंधिया ने कांग्रेस ने नेताओं को अनावश्यक बयानबाजी से बचने की नसीहत दी. उन्होंने विधानसभा पहुंचकर कई नेताओं से मुलाकात भी की. उन्होंने कहा कि सीएम, मंत्री और अधिकारी सबको एक साथ मिलकर टीम भावना से काम करना होगा.



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