हरियाणा के रोहतक में कोर्ट में गवाही पर आई लड़की और सब इंस्पेक्टर की गोली मारकर हत्या, पुलिस ने ऑनर किलिंग का शक जताया

2018-08-09_RohtakHonorKilling.jpg

सुप्रीम कोर्ट और सरकार के निर्देशों तथा गैर-सरकारी संगठनों के तमाम अभियानों और मुहिम के बावजूद हरियाणा में घर की मर्यादा के नाम पर की जाने वाली हत्याओं पर रोक नहीं लग पा रही है. बीते दिनों रोहतक में ऐसा ही एक मामला सामने आया. दलित युवक से शादी करने वाली एक लड़की की कोर्ट से वापसी के समय कुछ बाइक सवार हमलावरों ने सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी. लड़की को कोर्ट ले जा रहे पुलिस के दरोगा को भी बदमाशों ने गोलियों से छलनी कर दिया. पुलिस के अनुसार, रोहतक जिले की रहने वाली इस लड़की ममता और दरोगा नरेंद्र कुमार पर कम से कम 7 राउंड गोलियां चलाई गई. खबर के मुताबिक रोहतक के एसपी जशनदीप सिंह ने कहा कि शुरुआती जांच में यह मामला ऑनर किलिंग का लग रहा है, क्योंकि लड़की ने एक दलित युवक से शादी कर ली थी, जिससे उसके परिजन नाराज थे. हैरानी की बात यह है कि लड़की को उसके माता-पिता ने गोद लिया था, लेकिन झूठी प्रतिष्ठा के नाम पर उसकी हत्या करा दी गई.

लड़की और दरोगा की हत्या के मामले में पुलिस ने लड़की के पिता रमेश के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया है. रोहतक के एसपी ने द ट्रिब्यून को बताया कि पुलिस ने इस मामले में 4 लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है. एसपी ने कहा कि इस मामले में पुलिस के पास कई सबूत हैं, जिसके आधार पर जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा. पुलिस अधिकारियों ने बताया जिस लड़की ममता की गोली मारकर हत्या कर दी गई, वह आरोपी रमेश के साले की बेटी थी जिसे 16 साल पहले वर्ष 2002 में रमेश ने गोद लिया था. जाट समुदाय की ममता ने पिछले साल सिंहपुरा गांव के रहने वाले एक दलित युवक के साथ शादी कर ली थी. इससे उसके माता-पिता और अन्य परिजन नाराज थे. इस मामले में पुलिस ने युवक को गिरफ्तार भी किया था. परिजनों के दबाव के बावजूद लड़की ने अपने माता-पिता के घर जाने से इनकार कर दिया, जिसके बाद उसे करनाल स्थित महिला शेल्टर होम भेज दिया गया. बीते बुधवार को दरोगा नरेंद्र कुमार, ममता को कोर्ट में पेशी के बाद वापस शेल्टर होम ले जा रहे थे. इसी दौरान बाइक सवार हमलावरों ने दोनों को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया.

द ट्रिब्यून के अनुसार, सब-इंस्पेक्टर नरेंद्र कुमार और करनाल पुलिस की एक महिला कॉन्स्टेबल ममता को लेकर कोर्ट से वापस शेल्टर होम जा रहे थे. ममता की सास सरोज और उसका देवर दिनेश भी साथ में थे. मिनी-सेक्रेटेरियट के पास जब वे लोग पहुंचे, उसी दौरान अचानक कुछ बाइक सवार अपराधी वहां आ गए. अपराधियों ने आते ही ममता पर फायरिंग शुरू कर दी. सब-इंस्पेक्टर नरेंद्र कुमार बचाव के लिए जब तक अपना रिवॉल्वर निकालते, तब तक हमलावरों ने उन पर भी गोलियां झोंक दी. अचानक हुई गोलीबारी में दोनों गंभीर रूप से जख्मी हो गए. उन्हें तत्काल पीजीआईएमएस ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया. पुलिस ने दोनों के शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है. घटना के बाद पुलिस और फोरेंसिक विभाग की टीम मौके पर पहुंची. हालांकि अभी तक इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है.



loading...