कैसे करते हैं कलश को स्थापित, रहेंगे नकारात्मकता से दूर; जानें

2018-05-15_kalash.jpg

अपने घर में नकारात्मकता को खत्म कर शांति-वैभव लाना है तो बस एक छोटा सा सही प्रयास ही काफी अच्छा फल दे सकता है. घर में हर बुधवार को एक कलश स्थापित करने से भी आपकी कई परेशानियाँ खत्म हो सकती हैं. बुधवार भगवान गणेश का दिन है, इस दिन घर में कलश रखने से कई बिगड़े काम बन जाते हैं.

अगर आप हर हफ्ते घर में एक कलश की स्थापना करते हैं तो ज्यादा से ज्यादा अधिकतम खर्च 20 होता है. आपको सिर्फ बाजार से एक अच्छा पानी वाला नारियल खरीदना है, इसके अलावा कोई फालतू का खर्च नहीं है. 

कलश स्थापना की सही विधि : बुधवार को सुबह एक पानी वाला नारियल लाएं. अब नहाने के बाद पूजन से पहले उसकी जटाओं को साफ कर लें. फिर नारियल पर कुंकुम से एक स्वस्तिक बनाएं. तांबे के लोटे में पानी भर कर उसमें अशोक या पीपल के सात पत्ते रखें. फिर थोड़े से चावल रखकर उस पर कलश को रख दें. इसके बाद उसमें नारियल को स्थापित करें. इस पूरी विधि के दौरान मन ही मन ऊं गं गणपतये नमः मंत्र बोलते रहें. कलश की पूजा करें, कुंकुम चावल और अबीर गुलाल चढ़ाएं. उसके बाद भगवान गणपति की पूजा करके गणेश अथर्वशीर्ष का पाठ करें. अगर नारियल सूख जाए या उसमें कोई दरार पड़ जाए तो अगले मंगलवार को इस नारियल को नदी में बहा दे या किसी सुनसान जगह जमीन में दबा दें.

क्या फायदे देता है कलश:
नकारात्मक ऊर्जा को एब्जार्व करता है.
घर में शांति और सुख लाता है. 
मंदिर में रखा गया कलश वहां का माहौल भक्तिमय बनाता है. आपको पूजा में एकाग्रता देता है.
घर में बीमारियां हों तो नारियल का कलश उसको दूर करने में मदद करता है.
कलश को भगवान गणेश का प्रतिरुप भी माना जाता है, इसलिए हमारे कामों में आ रही रुकावटों को दूर करता है.



loading...