बंद होगी ‘नो-डिटेंशन पॉलिसी’, अब 8वीं में भी फ़ैल होंगे विद्यार्थी : मोदी कैबिनेट

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कक्षा आठ तक विद्यार्थियों को फेल न करने की रीत खत्म होने वाली है. मोदी सरकार जल्द ही नो-डिटेंशन पॉलिसी खत्म करने जा रही है. खबर है कि बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुआई में हुई कैबिनेट बैठक में इससे जुड़े प्रपोजल को मंजूरी दे दी गई.

जानकारी के मुताबिक , पांचवीं और आठवीं के सालाना एग्जाम में स्टूडेंट के फेल होने पर उसे इसी कक्षा में रखने का अधिकार राज्यों को देने के लिए बच्चों का नि:शुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा का अधिकार संशोधन विधेयक में प्रोविजन किया जाएगा. यह अमेंडमेंट बिल अब संसद में पेश किया जाएगा. यह भी पढ़ें: CBSE BOARD : अगले साल से फरवरी में होगी 10वीं-12वीं की परीक्षा

बताया जा रहा है कि बच्चों को उसी कक्षा में रखने से पहले उसे परीक्षा के जरिये इम्प्रूवमेंट का एक अवसर अवश्य दिया जाएगा. राइट टू एजुकेशन कानून के मौजूदा प्रोविजंस के तहत आठवीं तक बच्चा हर वर्ष खुद ही अगली कक्षा में प्रमोट हो जाता है. RTE एक्ट का ये एक प्रमुख हिस्सा था, जो 1 अप्रैल 2010 को लागू हुआ था.

बता दें कि सेंट्रल एडवाइजरी बोर्ड से जुड़ी एक सब कमेटी ने सरकार से 8वीं क्लास तक फेल नहीं करने की नीति को रिव्यू करने की सिफारिश की थी.



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