चुनाव आयोग ने तेलंगाना में 62 लोगों के चुनाव लड़ने पर लगाई रोक, पिछली बार नहीं दी थी सही जानकारी

2019-03-13_ElectionCommission.jpg

चुनाव आयोग ने पहले के चुनावों में खातों का लेखा-जोखा दाखिल नहीं करने जैसे कारणों को लेकर तेलंगाना के 62 लोगों को चुनाव लड़ने से प्रतिबंधित कर दिया है. तेलंगाना के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) को भेजे एक संदेश में चुनाव आयोग ने कहा कि उसने जन प्रतिनिधित्व कानून, 1951 की धारा 10-A के तहत 62 अयोग्य लोगों की ताजा सूची जारी की है. उनमें से 45 ने तेलंगाना विधानसभा का और 17 ने लोकसभा चुनाव का लड़ा था.

आयोग ने कहा कि आदर्श आचार संहिता को लागू कराने के लिए, दीवारों पर लिखे कुल 4,098 नारों, 29,526 पोस्टरों, 975 कट आउट्स, 11,485 बैनर, विभिन्न पार्टियों के 3498 झंडे समेत अन्य सामग्री को समूचे राज्य से हटाया गया है. वहीं, पुलिस भी एक्शन में है, एक दिन में पुलिस ने तेलंगाना में 90 लाख रुपये जब्त किए.

आपको बता दें कि चुनाव आयोग ने बीते रविवार (10 मार्च) को लोकसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान किया था. चुनाव आयुक्तों अशोक लवासा और सुशील चंद्रा के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने बताया कि 17वीं लोकसभा के गठन के लिए सात चरण में 11 अप्रैल से 19 मई तक चुनाव होने हैं और मतदान के बाद 23 मई को सभी चरणों की एक साथ मतगणना होगी.

पहले चरण में 20 राज्यों की 91 लोकसभा सीटों के लिए 11 अप्रैल को मतदान के बाद दूसरे चरण में 13 राज्यों की 97 लोकसभा सीटों पर 18 अप्रैल को, तीसरे चरण में 14 राज्यों की 115 सीटों पर 23 अप्रैल को, चौथे चरण में नौ राज्यों की 71 लोकसभा सीटों पर 29 अप्रैल को, पांचवें चरण में सात राज्यों की 51 सीटों पर 6 मई को, छठवें चरण में सात राज्यों की 59 सीटों पर 12 मई को और सातवें चरण में आठ राज्यों की 59 सीटों पर 19 मई को मतदान होगा.

वहीं, तेलंगाना की सभी 17 लोकसभा की सीटों पर 11 अप्रैल को पहले चरण में ही मतदान होगा. अब प्रदेश में वोटिंग के लिए एक महीने से भी कम ही समय बचा है. 


 



loading...